Sunday, 15 February 2015

ज़िंदगी एक सफ़र है सुहाना

ज़िंदगी एक सफ़र है सुहाना 

]यहाँ कल क्या हो किसने जाना
अरे ओ लेइयो लेइयो, ओलेइयो लेइयो
ओलेइयो लेइयो, ओलेइयो लेइयो
ओलेइयो लेइयो, ओलेइयो लेइयो 

चाँद तारों से चलना है आगे
आसमानों से बड़ना है आगे 
पिछे रह जाएगा यह ज़माना
यहाँ कल क्या हो किसने जाना
ज़िंदगी एक सफ़र है सुहाना
यहाँ कल क्या हो किसने जाना

हस्ते गाते जहाँ से गुज़र
दुनिया की तू परवाह ना कर
मुस्कुराते हुए दिन बिताना
यहाँ कल क्या हो किसने जाना
हाँ ज़िंदगी एक सफ़र है सुहाना
यहाँ कल क्या हो किसने जाना

मौत आनी है आएगी इक दिन
जान जानी है जाएगी इक दिन
ऐसी बातों से क्या घबराना
यहाँ कल क्या हो किसने जाना
ज़िंदगी एक सफ़र है सुहाना
यहाँ कल क्या हो किसने जाना

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